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तेरा ख़याल

August 02, 2018
याद से बारहा तेरी उलझते रहते हैं सिमटते रहते हैं या फिर बिखरते रहते हैं तेरा ख़याल भी छू ले अगर ज़ेहन को मेरे रात दिन दोपहर ...Read More

ठंडी हवा की आँच

November 15, 2017
जलते हैं दिल के ज़ख्म ये पाके दवा की आँच होंठों को है जलाती मेरे अब दुआ की आँच  अश्क़ों के शरारे* समेट कर तमाम रोज ख़्वा...Read More